August 17, 2026
MG NEWS

मरुधर गूंज, बीकानेर। (16 अगस्त 2026)।

बीकानेर जिले के नगरीय निकायों के वार्डों के आरक्षण की लॉटरी प्रक्रिया के दौरान ओबीसी आरक्षण में एक वार्ड अधिक निकलने का मामला सामने आया है। ओबीसी वर्ग के लिए 16 वार्ड आरक्षित किए जाने थे, लेकिन लॉटरी में 17 वार्ड आरक्षित हो गए। गलती सामने आने के बाद लॉटरी में से एक पर्ची वापस निकालने का निर्णय लिया गया। इसके बाद वार्ड संख्या 28 को आरक्षित सूची से बाहर कर दिया गया, जिससे ओबीसी आरक्षित वार्डों की संख्या फिर से 16 हो गई।

जिले में एक नगर निगम और छह नगर पालिकाओं के कुल 270 वार्डों में आरक्षण की प्रक्रिया की जा रही है। इनमें 39 वार्ड एससी और 54 वार्ड ओबीसी वर्ग के लिए आरक्षित हैं, जबकि 177 वार्ड ओपन रखे गए हैं। एसटी वर्ग के लिए कोई वार्ड आरक्षित नहीं किया गया है। कुल 270 वार्डों में से 76 वार्ड महिलाओं के लिए आरक्षित हैं।

बीकानेर नगर निगम में सबसे अधिक 80 वार्ड हैं। इसके बाद नोखा नगर पालिका में 45, श्रीडूंगरगढ़ में 40 और लूणकरणसर में 35 वार्ड हैं। इसके अलावा देशनोक, खाजूवाला और नापासर के नगरीय निकायों में भी आरक्षण की प्रक्रिया के तहत वार्डों का निर्धारण किया जा रहा है।

नगरीय निकायों के प्रमुखों के पदों की लॉटरी 13 अगस्त को निकाली जा चुकी है। बीकानेर नगर निगम के मेयर का पद अनारक्षित ओपन श्रेणी में रखा गया है। वहीं नोखा नगर पालिका के अध्यक्ष का पद ओबीसी ओपन है। ऐसे में यहां ओबीसी वर्ग से महिला या पुरुष दोनों चुनाव लड़ सकते हैं।

खाजूवाला और लूणकरणसर नगर पालिकाओं में भी अध्यक्ष पद ओबीसी के लिए रखा गया है, जहां ओबीसी वर्ग की महिला या पुरुष को अवसर मिलेगा। दोनों ही नई नगर पालिकाएं हैं। वहीं नापासर में पहली बार होने वाले पालिका चुनाव में अध्यक्ष पद एससी महिला के लिए आरक्षित रहेगा।